UP Politics: कंगना रनौत के राहुल गांधी पर दिए बयान को लेकर सपा सांसद राजीव कुमार राय ने प्रतिक्रिया दी। बोले- हम उन्हें गंभीरता से नहीं लेते, सियासत गरमाई।
Prajatantra TV Desk: भारतीय राजनीति में बयानबाजी का दौर लगातार तेज होता जा रहा है और अब एक नया विवाद बीजेपी सांसद कंगना रनौत के बयान को लेकर खड़ा हो गया है। हिमाचल प्रदेश की मंडी सीट से सांसद कंगना रनौत ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को लेकर विवादित टिप्पणी की, जिसके बाद विपक्षी दलों ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।
समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद राजीव कुमार राय ने कंगना रनौत के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनकी बातों को गंभीरता से नहीं लिया जाता। उन्होंने कहा,
“मुझे लगता है कि उनकी वाणी से मीडिया और सदन दोनों असहज महसूस करते हैं, इसलिए हम उनको गंभीरता से नहीं लेते।”
क्या था कंगना रनौत का बयान?
दरअसल, कंगना रनौत ने राहुल गांधी पर टिप्पणी करते हुए उन्हें ‘टपोरी’ बताया था। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी का व्यवहार असहज करने वाला है और वे बातचीत के दौरान ‘तू-तड़ाक’ वाली भाषा का इस्तेमाल करते हैं। कंगना ने यह भी कहा कि उनके व्यवहार से महिलाएं असहज महसूस करती हैं।
इतना ही नहीं, कंगना रनौत ने राहुल गांधी को सलाह देते हुए कहा कि उन्हें अपनी बहन प्रियंका गांधी से शिष्टाचार सीखना चाहिए। उनके मुताबिक प्रियंका गांधी का व्यवहार बेहतर और संतुलित है।
विपक्ष का पलटवार
कंगना रनौत के इस बयान के बाद कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने उन्हें आड़े हाथों लिया है। सपा सांसद राजीव कुमार राय का बयान इसी प्रतिक्रिया का हिस्सा माना जा रहा है।
राजनीतिक गलियारों में यह मुद्दा तेजी से फैल रहा है और विभिन्न नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। विपक्ष इस बयान को असंसदीय और अनुचित बता रहा है, जबकि बीजेपी की ओर से कंगना रनौत का बचाव भी किया जा रहा है।
बढ़ती राजनीतिक तल्खी
यह विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब देश में चुनावी माहौल धीरे-धीरे गर्म हो रहा है। ऐसे में नेताओं के बीच बयानबाजी और आरोप-प्रत्यारोप भी तेज होते जा रहे हैं।
विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह के बयान राजनीतिक ध्रुवीकरण को और बढ़ा सकते हैं और चुनावी मुद्दों को प्रभावित कर सकते हैं।
क्या होगा आगे?
अब यह देखना दिलचस्प होगा कि यह विवाद कितना लंबा चलता है और क्या इस पर कोई आधिकारिक कार्रवाई या स्पष्टीकरण सामने आता है। फिलहाल, कंगना रनौत के बयान ने एक नई राजनीतिक बहस को जन्म दे दिया है।

